प्रेग्नन्सी में सही पोषण क्यों जरूरी है ?
गर्भावस्था ( Pregnancy ) में खाएं जाने वाले 8 बेस्ट फूड ( 8 Healthy food to Eat When Pregnant ) – माता-पिता बनना बहुत ही सुखद अनुभव होता है। लेकिन इसके लिए एक माँ को बहुत ही दर्द झेलना पड़ता है, कभी-कभी ऐसा भी होता है कि थोड़ी सी लापरवाही से माँ और शिशु की जिंदगी को खतरे में डाल देती है। इसीलिए गर्भावस्था ( Pregnancy ) के दौरान माँ और पेट में पल रहे शिशु का खास ख्याल रखा जाना चाहिए।
आपने देखा होगा अक्सर माता-पिता बनने के बाद सभी लोग अपने बच्चे का अच्छी तरह ख्याल रखते है। बच्चे और माँ की खानपान से लेकर जो भी जरूरत होती है उसे तुरंत पूरा करते हैं। लेकिन देखा गया है कि गर्भावस्था ( Pregnancy ) के दौरान माँ की देखभाल में लोग कमी कर देते हैं। जिसके कारण माँ की हालत प्रसव: के दौरान बहुत दर्दनाक और जोखिम भरी बनी रहती है । और शिशु का भी गर्भ के दौरान पूर्ण विकास नहीं हो पाता है जिसके कारण बच्चा स्वस्थ पैदा नहीं होता और शिशु बार-बार बीमार पड़ता है।
अगर गर्भावस्था ( Pregnancy ) के दौरान ही माँ और पेट पल रहे शिशु के खान-पान का ध्यान रखा जाए तो, इससे माँ का भी स्वास्थ्य ठीक रहेगा और शिशु भी स्वस्थ पैदा होगा। गर्भावस्था के दौरान माँ की देखभाल सही से की जाए तो होने वाले शिशु को शरीरिक तौर पर कोई परेशानी नहीं होगी और बच्चा उम्रभर स्वस्थ रहेगा। माँ और गर्भ में पल रहे शिशु को कैसे स्वस्थ रखें उन्हें क्या खिलाएं ? और क्या ना खिलाएं । कुछ जरूरी भोजन और माँ और गर्भ में पल रहे शिशु को लाभ पहुँचा सकते हैं।
प्रेग्नन्सी में खाने वाले 8 हेल्थी फूड
दही ( Yogurt )- गर्भावस्था के दौरान दही खाना बहुत ही फायदेमंद होता है। दही में कैल्शियम ( Calcium ) अच्छी मात्रा में होता है। दही में कैल्शियम की मात्रा अच्छी होने की वजह से ही ये भ्रूण में पल रहे शिशु के लिए लाभदायक होती है। कैल्शियम से शिशु का बोन ( Bone ), दाँत ( Teeth ) और इसके साथ हार्ट, नर्व्स और मसल्स को भी बेहतर कर सकती है।
साबुत अनाज ( Whole Grains )- साबुत अनाज खाना वैसे तो किसी भी व्यक्ति के लिए बहुत ही फायदेमंद है । लेकिन गर्भावस्था ( Pregnancy ) के दौरान अगर साबुत अनाज खाया जाए तो इसमें मिलने वाले आयरन (Iron), फ़ाइबर ( Fibre ), फॉलिक ऐसिड ( Folic Acid ), और बी विटामीन्स ( B Vitamins ) गर्भ में पल रहे शिशु और माँ दोनों के लिए ही बहुत ही फायदेमंद हो सकते हैं। और गर्भ मे पल रहे शिशु की हर जरूरत को पूरा कर सकते हैं।
नट्स ( Nuts )- सूखे मेवे गर्भावस्था ( Pregnancy ) के दौरान खाना बहुत अच्छा माना जाता है। नट्स मे प्रोटीन ( Protien ), फ़ाइबर ( Fibre ), और मिनेरल्स ( Minerals) पाए जाते हैं जो बच्चे की पूर्ण ग्रोथ के लिए बहुत ही जरूरी है। इसलिए एक मुट्ठी भर मिक्स नट्स लेना गर्भावस्था में अच्छा माना जाता है । लेकिन एक निश्चित मात्रा में खाना चाहिए । नट्स कितने खाने हैं इसके लिए आप अपने डॉक्टर से सलाह ले सकते हैं।
बीन्स एण्ड लेन्टिलस ( Beans and Lentils )- गर्भावस्था ( Pregnancy ) के दौरान बीन्स एण्ड लेन्टिलस खाना सेहत के माँ और शिशु की हेल्थ के लिए अच्छा माना जाता है। बीन्स एण्ड लेन्टिलस ( Beans and Lentils ) में फॉलिक ऐसिड (Folic Acid) फ़ाइबर ( Fibre ) और प्रोटीन ( Protien ) पाया जाता है। जो गर्भावस्था में माँ और शिशु दोनों के लिए ही बहुत ही जरूरी माना जाता है। इसलिए खान-पान में बीन्स एण्ड लेन्टिलस ( Beans and Lentils ) जरूर ऐड जरूर करें। जो ओवरॉल बहुत फायदेमंद हो सकता है।
हरी सब्जियां ( Green Vegetables )- हरी सब्जियां हर किसी के लिए फायदेमंद होती है। हरी सब्जी खाने से व्यक्ति का स्वास्थ्य सही रहता है। हरी सब्जियां गर्भावस्था ( Pregnancy ) में खाने से शिशु की ग्रोथ अच्छी रहती है। और पेट मे पल रहे शिशु की ब्रैन से लेकर पूरे शरीर की ग्रोथ अच्छी तरह होती है। इसलिए गर्भावस्था ( Pregnancy ) में हरी सब्जियां और खासकर हरी गहरे रंग की पत्तेदार सब्जियां असरकारक हो सकती हैं।
एवोकाडो ( Avocado )- एवोकाडो एक बहुत ही लाभदायक फल है, वैसे तो गर्भावस्था में ज्यादातर फल लाभकारी होते हैं । लेकिन एवोकाडो इसलिए खास बन जाता है क्योंकि एवोकाडो में बहुत से विटामिंस ( Vitamins ) और मिनेरल्स ( Minerals ) साथ ही साथ कैल्शियम( Calcium ), जिंक ( Zinc ), मैग्नीशियम ( Magnesium ), कॉपर ( Copper ), फास्फोरस (Phosphorus ), मैगनीज ( Manganese ), पोटेशियम ( Potassium )आदि पोषक तत्व पाए जाते हैं। एवोकाडो में कॉलिन भी पाया जाता है जो भ्रूण में पल रहे शिशु के ब्रैन का तेजी से विकास कर सकता है ।
अण्डे ( Egg )- अण्डा स्वास्थ्य के लिए अच्छा माना गया है। अण्डा खाने से शरीर में प्रोटीन ( Protien ) और हेल्थी फैट (Healthy Fat ) की मात्रा सही बनी रहती है जिससे व्यक्ति स्वस्थ रहता है। अण्डे में प्रोटीन होने की वजह से अण्डा गर्भवती महिला और शिशु दोनों के लिए बहुत ही फायदेमंद है लेकिन अण्डे को ज्यादा खाना नुकसानदायक हो सकता है। इसलिए अण्डा अपने डॉक्टर की सलाह से लें कि कितनी मात्रा में खाना है।
लीन मीट ( Lean Meat )- जो महिला नॉनवेज खाना पसंद करती हैं और हरी सब्जियां खाना कम पसंद करती हैं वे महिलायें गर्भावस्था में लीन मीट खा सकती है। लीन मीट में रेड मीट की तुलना में कम कैलोरी ( Calories ) होती है और वशा की मात्रा भी कम होती है। इसलिए शिशु की ग्रोथ के लिए लाभदायक होता है। लेकिन अपनी स्वास्थ्य के अनुसार डॉक्टर की सलाह से लें।
गर्भावस्था के दौरान माँ के लिए स्वस्थ खाना बहुत ही जरूरी है, गर्भावस्था में माँ को स्वस्थ खाना ही खाना चाहिए जिससे माँ और बच्चे दोनों का स्वास्थ्य अच्छा बना रहे। इसलिए डॉक्टर के परामर्श अनुसार ऊपर बताए गए ये फूड ( 8 Healthy Food ) अपने खाने में ऐड कर सकते हैं। गर्भावस्था में कोई भी फूड ऐड करने से पहले आप अपने स्वास्थ्य अनुसार डॉक्टर की सलाह जरूर लें।
यह लेख सामान्य जानकारी के लिए है। गर्भावस्था मे किसी भी डाइट को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर की सलाह जरूर लें।
frequently asked questions
प्रेगनेंसी में कौन-कौन से हेल्दी फूड खाने चाहिए?
प्रेगनेंसी में हरी सब्जियां, ताजे फल, दूध, दही, दाल, साबुत अनाज और ड्राई फ्रूट्स खाना मां और बच्चे दोनों के लिए फायदेमंद होता है।
क्या प्रेगनेंसी में फल खाना सुरक्षित है?
हां, प्रेगनेंसी में सेब, केला, अनार, संतरा जैसे फल सुरक्षित और पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं, लेकिन साफ और ताजे फल ही खाएं।
प्रेगनेंसी में कौन-सा खाना नुकसानदायक हो सकता है?
कच्चा खाना, ज्यादा तला-भुना, जंक फूड, बहुत मीठा और बाहर का अस्वच्छ भोजन गर्भावस्था में नुकसानदायक हो सकता है।
क्या प्रेगनेंसी में वजन बढ़ना जरूरी है?
हां, प्रेगनेंसी में थोड़ा वजन बढ़ना सामान्य है, लेकिन सही डाइट अपनाने से वजन नियंत्रित और स्वस्थ रहता है।
गर्भावस्था में आयरन और कैल्शियम क्यों जरूरी है?
आयरन खून की कमी से बचाता है और कैल्शियम बच्चे की हड्डियों के विकास के लिए जरूरी होता है, इसलिए डाइट में इनका होना बहुत जरूरी है।
क्या प्रेगनेंसी में आयुर्वेदिक फूड खा सकते हैं?
कुछ आयुर्वेदिक फूड फायदेमंद हो सकते हैं, लेकिन किसी भी घरेलू नुस्खे या काढ़े को अपनाने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें।
प्रेगनेंसी में सही डाइट से बच्चा स्वस्थ रहता है?
हां, संतुलित और पोषक डाइट लेने से बच्चे का शारीरिक और मानसिक विकास बेहतर होता है।

